‘‘हर घर तिरंगा’’ कार्यक्रम की जिलाधिकारी ने की समीक्षा

 युग जागरण न्यूज़ नेटवर्क

निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष शत प्रतिशत झण्डे क्रय करने के दिये निर्देश

बहराइच । आज़ादी का अमृत महोत्सव अन्तर्गत 11 से 17 अगस्त 2022 तक ‘‘हर घर तिरंगा’’ कार्यक्रम की समीक्षा हेतु सोमवार को देर शाम कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित कार्यक्रम कार्यान्वयन समिति की बैठक के दौरान विभागवार झण्डा के लिए निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष क्रय किये जा रहे झण्डो की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चन्द्र द्वारा स्पष्ट निर्देश दिये गये कि जिन विभागों द्वारा झण्डा क्रय की कार्रवाई पूर्ण नहीं की गयी है ऐसे विभाग तत्काल लक्ष्य के सापेक्ष शत प्रतिशत झण्डो के क्रय की कार्रवाई पूर्ण कराकर कलेक्ट्रेट में उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें।  

डीएम डॉ. चन्द्र ने बताया कि हर घर तिरंगा कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य है कि प्रत्येक नागरिक के मन में राष्ट्र प्रेम की भावना जागृत करते हुए स्वतन्त्रता के प्रतीकों के प्रति सम्मान का भाव उजागर करना है। हर घर तिरंगा कार्यक्रम प्रत्येक सरकारी अधिकारी कर्मचारी, शिक्षकगण, सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों, स्वयं सहायता समूहों, विभिन्न नागरिक संगठनों आदि के सहयोग से क्रियान्वित किया जाना है।

ग्राम पंचायत स्तर पर सम्बन्धित विभाग द्वारा जागरूकता सत्र का आयोजन करते हुए ग्राम प्रधानों को शत-प्रतिशत घरों, दुकानों, कार्यालयों, शैक्षणिक संस्थानों तथा नलकूपों इत्यादि पर झण्डा फहराने हेतु प्रेरित किया जाय। जनपद के समस्त सरकारी, सार्वजनिक क्षेत्र के प्रतिष्ठानों, शैक्षणिक संस्थानों, व्यावसायिक एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों, गैर सरकारी संगठनों, रेस्टोरेन्ट, शापिंग काम्पलेक्स, टोल प्लाज़ा, पुलिस चौकी/थाना इत्यादि को इस कार्यक्रम में अनिवार्य रूप से झण्डा फहराया जाय। डीएम ने यह भी निर्देश दिया कि स्थानीय भाषा में बैनर, पम्पलेट, स्टैण्डी, होर्डिंग्स एवं अन्य उचित माध्यमों से कार्यक्रम का व्यापक प्रचार-प्रसार भी किया जाय।

इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी कविता मीना, जिला विकास अधिकारी एम.के. पाण्डेय, पीडीडीआरडीए पी.एन. यादव, उप जिलाधिकारी सदर सुभाष सिंह धामी, कैसरगंज महेश कुमार कैथल, पयागपुर दिनेश कुमार, डीपीआरओ उमाकान्त पाण्डेय, डीएसओ अनन्त प्रताप सिंह, डीसीओ शैलेश कुमार मौर्या, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी संजय मिश्रा, जिला कार्यक्रम अधिकारी राज कपूर व अन्य सम्बन्धित मौजूद रहे।