वार्ड 18 और 26 में गली-गली घूमी नगरायुक्त

 युग जागरण न्यूज़ नेटवर्क 

-वार्ड 18 की जल निकासी के लिए नाला निर्माण का मांगा आकलन 

सहारनपुर। नगरायुक्त ने शनिवार की सुबह निगम अधिकारियों के साथ वार्ड 18 तथा वार्ड 26 का निरीक्षण किया व गली-गली घूमकर वार्ड के हालात का जायजा लिया और क्षेत्रीय लोगों से वार्ता कर जलभराव आदि समस्याओं की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों से जल निकासी के बारे में पूछा और निर्माण विभाग को सर्वे कर नाला निर्माण का आकलन बनाकर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने क्षेत्र के लोगों से कहा कि उनका प्रयास है कि महानगर के जिन 11 क्षेत्रों में जलभराव होता है अगले वर्ष की बरसात में वहां जलभराव न हो।

नगरायुक्त शनिवार की सुबह नौ बजे वार्ड 18 के रामविहार, गणेशविहार आदि कॉलोनियों में पहुंची और अपर नगरायुक्त राजेश यादव सहित निगम अधिकारियों के साथ गली-गली घूमकर वार्ड की समस्याओं का जायजा लिया और लोगों से बात की। क्षेत्रीय लोगों ने बताया कि उनके वार्ड में बरसात में काफी जलभराव होता है तथा वार्ड की अनेक गलियां भी कच्ची है जिसके कारण लोगों का जीवन दूभर हो रहा है। नगर स्वास्थय अधिकारी डॉ.कुनाल जैन ने नगरायुक्त को बताया कि वार्ड 18 की जल निकासी के लिए दो मड पंप वहां स्थायी रुप से लगाए गए हैं तथा बीमारियों से बचाव के लिए एंटी लार्वा, ब्लीचिंग व चूना का छिड़काव नियमित रुप से किया जा रहा है। 

वार्ड 18 के पार्षद प्रदीप पंवार का कहना था कि बराबर के वार्ड 26 की कुछ गलियां काफी ऊंची होने के कारण उनके वार्ड की गलियां काफी नीचे आ गयी हैं, जिससे समस्या काफी बढ़ गयी है। नगरायुक्त ने ऊंची-नीची गलियां देखकर निर्माण विभाग से पूछा कि गलियां बनाते समय अन्य गलियों की जल निकासी का ध्यान क्यों नहीं रखा गया। अवर अभियंता अनूप सिंह ने नगरायुक्त को बताया कि यह क्षेत्र पहले से अन्य क्षेत्रों की अपेक्षा निचला इलाका है। इस क्षेत्र की जलनिकासी के लिए एक नाले की आवश्यकता है। इस पर नगरायुक्त ने अधिशासी अभियंता निर्माण आलोक श्रीवास्तव को निर्देश दिए कि वे वहां की जल निकासी के लिए नाले का नजरी नक्शा बनाकर आकलन सहित प्रस्तुत करें। 

वार्ड 18 के राजकुमार शर्मा व सुनील त्यागी सहित क्षेत्रीय लोगों ने वार्ड का भ्रमण कर उनकी समस्याओं को जानने के लिए नगरायुक्त का आभार व्यक्त करते हुए उम्मीद जतायी कि उनकी वर्षों की समस्या का समाधान हो जायेगा। इस पर नगरायुक्त ने कहा कि उनका प्रयास है कि महानगर के जिन 11 क्षेत्रों में जलभराव होता है अगले वर्ष की बरसात में वहां जलभराव न हो। निरीक्षण के दौरान उक्त अधिकारियों के अलावा मुख्य कर निर्धारण अधिकारी रवीश चौधरी, अधिशासी अभियंता जलकल सुशील सिंघल, सहायक अभियंता निर्माण रजनीश मित्तल, अवर अभियंता देशांतर, मुख्य सफाई निरीक्षक चंद्रपाल व इंद्रपाल के अलावा सफाई निरीक्षक सुधाकर आदि मौजूद रहे।