प्यार

युग जागरण न्यूज़ नेटवर्क


 प्यार को हम तेरे देखते रहे

नजरों में तेरी हम डूबते रहे।


बिना  कुछ कहे सोचते रहे

चाहतो को तेरी हम आंकते रहे।


तेरी हर बात को जानते रहे,

दिलों में प्यार का बीज रोपते रहे।


नजरों से हमारी लोग पहचानते रहे

खुद को तुझसे बस जोड़ते रहे।


इश्क तुझसे क्या हुआ भला बता

सीमाएं प्यार में हम तो लांघते रहे।


तेरी बातों में इस कदर खोई है मधु

हर बंधन में खुद को बांधते रहे।।


                      रचनाकार ✍️

                      मधु अरोरा