चित्रकूट धाम से रामेश्वरम साप्ताहिक ट्रेन का संचालन की मांग -जिला मंत्री

युग जागरण न्यूज़ नेटवर्क 

चित्रकूट। राष्ट्रीय जन उद्योग व्यापार संगठन के जिला मंत्री हरिशंकर गुप्ता ने माननीय रेल मंत्री रेलवे बोर्ड अध्यक्ष महाप्रबंधक उत्तर मध्य रेलवे प्रयागराज को पत्र एवम ट्वीट के माध्यम से प्रभु श्री राम की तपोभूमि चित्रकूट धाम को रामेश्वरम  से जुड़ने के लिए साप्ताहिक ट्रेन संचालन की मांग की है रामेश्वरम जो हिंदू धर्म में 12 ज्योतिर्लिंग में एक महान देवस्थान है और यहीं से प्रभु श्री राम पुल का निर्माण करके लंका पर चढ़ाई की थी रामायण में इसका विख्यात है धार्मिक क्षेत्र से धार्मिक क्षेत्र जोड़ते हुए और पर्यटन को बढ़ावा देते हुए श्रद्धालुओं को तीर्थ स्थानों की सुविधा प्राप्त बुंदेलखंड क्षेत्र की महत्वपूर्ण ट्रेनों का संचालन चित्रकूट धाम से रामेश्वरम रूट निर्धारित रूट से चलाए जाने की मांग की है। 

हजरत निजामुद्दीन ,मथुरा ,आगरा कैंट, ग्वालियर, वीरांगना लक्ष्मीबाई, महोबा, बांदा, चित्रकूट धाम, सतना, मैहर ,कटनी, जबलपुर, नैनपुर, बालाघाट ,गोंदिया, बल्लारशाह, सिरपुर, कागजनगर, वारंगल, विजयवाड़ा ,गुडुर ,चेन्नई एगमोर ,तिरुचिरापल्ली ,मदुरै, मन्ना मदुरै, रामेश्वरम हो और पुरी - योग नगरी ऋषिकेश उत्कल एक्सप्रेस गाड़ी संख्या 18477/ 18478 का मार्ग परिवर्तन करते हुए

 धार्मिक क्षेत्र से धार्मिक क्षेत्र जोड़ते हुए  चारों धाम की यात्रा धार्मिक क्षेत्र चित्रकूट धाम से जोड़ते हुए कलिंग उत्कल एक्सप्रेस साप्ताहिक 3 दिन झांसी-कटनी के बीच वाया महोबा, बांदा, चित्रकूट धाम कर्वी ,सतना ,मैहर, होते हुए किया जाए एवं  4 दिन झांसी - कटनी ,मुरवाड़ा के बीच वाया ललितपुर ,बीना ,मालखेड़ी, सागर ,दमोह ,होते हुए किया जाए। 

जिला मंत्री ने कहा है ट्रेनों के संचालन से प्रभु श्री राम की तपोभूमि चित्रकूट धाम हो चारों धाम एवं धार्मिक क्षेत्र से धार्मिक क्षेत्र जोड़े जा सकते हैं जिससे क्षेत्र में पर्यटन बढ़ेगा रोजगार का साधन बढ़ेगा श्रद्धालुओं का आवागमन बढ़ेगा यह क्षेत्र प्रभु श्री राम की तपोभूमि जहां प्रभु श्री राम लगभग 12 वर्ष रहे हैं चारों धाम के बाद लोग चित्रकूट धाम आते हैं कालांतर से यह वह स्थान माना जाता है जहां चारों धाम की यात्रा करके लोग चित्रकूट धाम आते हैं।