हाथ-पैरों को मिलेगी मजबूती, रोजाना करें ये योगासन

युग जागरण न्यूज़ नेटवर्क

आज के दौर में हर किसी के लिए सबसे बड़ा चैलेंज है, खुद को स्वस्थ रखना। ऐसा इसलिए भी क्योंकि आजकल कई तरह की बीमारियां हमारे आसपास मौजूद हैं, जो हमारी एक छोटी सी गलती की वजह से हमें अपना शिकार बना लेती हैं। यही नहीं, कई लोग हाथों के दर्द और पैरों के दर्द की समस्या से घिर जाते हैं और फिर उन्हें इसकी वजह से कई तरह की दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। सर्दियो में ठंड होने की वजह से ये दर्द काफी बढ़ भी जाता है। ऐसे में ये लोग कई तरह की दवाओं का सेवन करते हैं और कई घरेलू नुस्खों का भी सहारा लेते हैं। इनके अलावा अगर आप चाहें तो योग की मदद से हाथ-पैरो में होने वाले दर्द में काफी आराम पा सकते हैं। साथ ही योग आपके हाथ-पैर को मजबूत बनाने में भी मदद करता है। इसलिए जरूरी है कि हर कोई योग को चुने और रोजाना नियमित रूप से योगासन करें। तो चलिए आपको कुछ ऐसे ही योग आसन के बारे में बताते हैं, जो आपके हाथ-पैरों को मजबूत करने में मदद कर सकते हैं।

नौकासन

आपको पहले पीठ के बल लेटना है और फिर दोनो पैरों को एक साथ जोड़ना है। इस दौरान अपने हाथों को भी शरीर के साथ ही लगाना है। अब गहरी सांस लेनी और छोड़नी है और साथ ही दोनों हाथों को पैरों की तरफ खींचते हुए अपने पैरों के साथ अपनी छाती को उठा लें। फिर आखिर में एक लंबी और गहरी सांस लेते हुए आसन को बनाए रखें और फिर सांस छोड़ते हुए आराम करें। इसे आप दोहरा भी सकते हैं।

पर्वतासन

इसमें सबसे पहले आपको अपनी रीढ़ को सीधा करते हुए और अपने दोनों हाथों की उंगलियों को एक-दूसरे के साथ लॉक करते हुए बैठना है। इसके बाद हथेलियों को पलटते हुए इन्हें अपने सिर के ऊपर हाथ जोड़ने वाली अवस्था में सीधे रखें। अब गहरी सांस लेते हुए हाथ की बाजू, पीठ की मांसपेशियों और कंधे पर एक साथ खिंचाव महसूस करें। दो मिनट तक ऐसा करने के बाद हाथों को नीचे ले आएं और फिर रोजाना 10 मिनट तक यानी कम से कम पांच बार ऐसा जरूर करें।

भुजंगासन

इसमें आपको पेट को जमीन पर लगाकर लेटना है और दोनों पैरों के बीच कम दूरी रखनी है। अब गहरी सांस लेते हुए अपने शरीर के कमर से ऊपर वाले भाग को ऊपर की तरफ उठाना है। ध्यान रहे कि इस दौरान कोहनी सीधी हो और पैरों को इस तरह मोड़ें कि आपको ज्यादा खिंचाव महसूस न हो। ऐसा कम से कम चार बार जरूर करें।

शलभासन

आपको पेट के बल लेटना है और अपने पैरों को एक-दूसरे से दूर रखना है। अब अपने माथे को अपनी हथेलियों के ऊपर रख दें और अपने शरीर को आराम देंं। इसके बाद पैरों को आपस मे मिला लें और दोनों हाथों को अपने शरीर के पास रख लें। हालांकि, इस दौरान हथेलियां ऊपर की तरफ और ठोड़ी जमीन की तरफ हो। अब आपको गहरी सांस लेते हुए पैरों को जमीन से ऊपर की तरफ उठाना है। इस दौरान ध्यान रहे कि पैर उतने ही ऊपर उठाएं, जितना आप अपने घुटनों को बिना मोड़े उठा सकते हैं। इसी समय आपको सांस लेनी और छोड़नी है, बाद में सांस को छोड़ते हुए पैरो को नीचे ले आएं।


Popular posts
मुझ पर दोस्तों का प्यार, यूँ ही उधार रहने दो |
Image
चिट्टियां कैसे लिखी जाती थी
Image
राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वाधान में व प्रभारी जिला जज/ अध्यक्ष विधिक सेवा प्राधिकरण के मार्गदर्शन में आजादी अमृत महोत्सव हुआ कार्यक्रम
Image
70 साल की उम्र में UP विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष सुखदेव राजभर ने ली अंतिम सांस, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, अखिलेश यादव ने जताया शोक
Image
असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा, रोज़गार और कल्याणकारी योज़नाओं का लाभ उठाने ई-श्रमिक पोर्टल पर पंजीकरण मील का पत्थर साबित होगा
Image