पहाड़ों पर हो रही है खूब बारिश, अगर आप जा रहे है घूमने तो इन बातों का रखें ध्यान

युग जागरण न्यूज़ नेटवर्क

घूमने के शौकीन लोग काफी समय से कहीं घूमने नहीं जा पा रहे थे। ऐसा इसलिए क्योंकि कोरोना वायरस महामारी की वजह से लगभग सभी राज्यों ने अपने-अपने वहां लॉकडाउन लगाया था, जिसकी वजह से राज्य में कोई प्रवेश नहीं कर पा रहा था। वहीं, दूसरी लहर का असर कम हुआ, तो अब फिर से देश अनलॉक की तरफ बढ़ चुका है। उत्तराखंड से लेकर हिमाचल प्रदेश तक के पर्यटन स्थलों को दोबारा पर्यटकों के लिए खोल दिया गया है। इससे एक तो लोग अपनी पसंदीदा जगहों पर घूम पा रहे हैं, और दूसरा पर्यटन पर निर्भर लोगों का रोजगार फिर से चल पड़ा है। लेकिन इन दिनों पहाड़ों पर खूब बारिश हो रही है। यही नहीं, कई जगहों पर बादल फटने जैसी घटनाएं भी सामने आई है जिसकी वजह से बाढ़ जैसी स्थिति भी बनी। ऐसे में अगर आप भी इस मौसम में पहाड़ों पर घूमने जा रहे हैं, तो आपको कुछ बातों का खास ध्यान रखना चाहिए। तो चलिए जानते हैं इनके बारे में।

ऊंची जगहों पर रहें

बरसात के मौसम में पहाड़ों पर मौसम जितना सुहावना हो जाता है, उतना ही खतरा भी बना रहता है। तेज बारिश का, बादल फटने का, बाढ़ का आदि। ऐसे में आपको कोशिश करनी है कि ऐसे समय पर किसी ऊंचे स्थान पर ही रहें। घूमने गए हैं, तो अपना होटल भी किसी ऊंचे स्थान पर लें जहां सुरक्षित हो, ताकि निचले इलाकों में पानी भरने पर आप सुरक्षित रहें।

होटल समय पर आ जाएं

आप पहाड़ों पर घूमने गए हैं, तो कोशिश करें कि घूमने के लिए सुबह जल्दी निकलें ताकि आप शाम को समय पर होटल आ जाएं। ऐसा इसलिए भी क्योंकि पहाड़ों में रात को मौसम तेजी से बदलता है और कब बारिश हो जाए कुछ पता नहीं होता है। इसलिए रात को समय पर अपने होटल या घर लौट आना ही बेहतर विकल्प है।

पानी वाली जगहों से दूर रहें

जब हम पहाड़ों पर घूमने जाते हैं, तो हम ज्यादातर नदी वाली जगहों पर जाते हैं, वहां नहाते हैं, वहां समय बिताते हैं या फिर कई लोग नदी के किनारों पर ही कैंपिंग भी करते हैं आदि। लेकिन इस मौसम में आपको पहाड़ों पर नदियों, झील, झरनों से दूर रहना चाहिए। क्योंकि बारिश के मौसम में ये सब काफी तेजी से आते हैं। ऐसे में किसी के बहने का डर बना रहता है।

बच्चों का खास ख्याल रखें

बारिश के मौसम में अगर बच्चों के साथ आप पहाड़ों पर घूमने गए हैं, तो आपको बच्चों का खास ख्याल रखना चाहिए। इस मौसम में छोटे बच्चों की तबियत भी जल्दी खराब हो जाती है। इसलिए बच्चों के लिए गर्म कपड़े, दवाएं आदि रखकर जरूर ले जाएं। वहीं, बच्चों को अपने साथ ही रखें।








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