घुटनों और मांसपेशियों को मजबूत बनाते है ये योगासन

युग जागरण न्यूज़ नेटवर्क 

आज के दौर में लगभग हर दूसरा व्यक्ति किसी न किसी बीमारी से ग्रसित है। ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, दिल से जुड़ी बीमारियां आदि कई ऐसी खतरनाक बीमारियां हैं, जो इंसान को अंदर ही अंदर काफी नुकसान पहुंचती हैं। ऐसे में इनसे पीड़ित लोगों को दवाओं के सहारे ही रहना पड़ता है। यही नहीं, कई लोगों को मांसपेशियों में दर्द, घुटनो में दर्द या पूरे शरीर में दर्द की शिकायत रहती है और समय के साथ ये दर्द बढ़ता चला जाता है। लोग इन दर्द से छुटकारा पाने के लिए कई तरह की दवाओं का सेवन करते हैं, लेकिन कई बार ये दवाएं भी लोगों के काम नहीं आ पाती हैं। ऐसे में जरूरी है कि कुछ ऐसा किया जाए, जिनसे इन तकलीफों में आराम मिल सके और इसमें आपकी मदद कर सकता है योग। योग में कई ऐसे आसन हैं, जिन्हें करके आप इन समस्याओं में काफी हद तक आराम पा सकते हैं। तो चलिए जानते हैं इन योगासन के बारे में।

उत्थित हस्त पादांगुष्ठासन

इस आसन को करने के लिए आप किसी खुली जगह पर मैट बिछाकर उस पर ताड़ासन की मुद्रा में बैठें। सांस अंदर खींचे और दाहिने पैर को घुटने से मोड़ते हुए पेट के पास ले आएं। वहीं, अपने बाएं हाथ को कमर पर रखें और दाहिने हाथ से दाएं पैर के अंगूठे को पकड़ें। फिर अब दाहिने पैर को जितना आगे कर सकते हैं, उतना आगे की तरफ सीधा करें। अब दाहिने पैर को बाहर की तरफ लाएं और बाएं तरफ सिर को घुमाते हुए कंधे पर नजर रखें। आखिर में कुछ देर ऐसे ही रहने के बाद सामान्य हो जाएं।

फायदे:-

-हाथ, अंगूठे, घुटने और पैर मजबूत करने में मदद मिलती है

-स्ट्रेस और तनाव दूर होता है।

पद्मासन

इसे करने के लिए आपको खुली जगह पर योगा मैट पर बैठना है। फिर दाहिने पैर को घुटनों से मोड़ते हुए अपनी बाईं जांघ पर रखना है और बाएं पैर को मोड़ते हुए दाहिनी जांघ पर रखना है। साथ ही पैरों के तलवों को ऊपर की तरफ रखें। इस आसन को करते समय अपनी रीढ़ को सीधा रखें और दोनों हाथों को घुटनों पर रखें। इसी स्थिति में आपको सांस लेनी और छोड़नी है।

फायदे:-

-रीढ़ की हड्डी के लिए फायेदमंद

-पैरों व घुटनों के दर्द में लाभकारी

-शरीर को स्वस्थ रखने और लचीला बनाने में फायेदमंद।

बद्ध कोणासन

आपको एक योगा मैट पर बैठना है और फिर सांस को छोड़ते हुए पैरों को घुटनों से मोड़ना है। इस दौरान दोनों पैरों की एड़ियों को पेट के नीचे की तरफ ले जाएं और दोनों घुटनों को नीचे की तरफ खींचे। अब बाएं पैर के अंगूठे और उंगली से दाहिने पैर के अंगूठे को पकड़ें और आखिर में दोनों जांघों पर थोड़ा सा दबाव देते हुए स्ट्रेच करना है। इस मुद्रा में आपको कम से कम पांच मिनट रहना है और फिर नॉर्मल होना है।

फायदे:-

-पैर और घुटने मजबूत होते हैं

-शरीर में खून का संचार सुचारू रूप से होने में मदद

-हिप्स की मांसपेशियों और जोड़ों के लिए फायेदमंद।


Popular posts
मुझ पर दोस्तों का प्यार, यूँ ही उधार रहने दो |
Image
चिट्टियां कैसे लिखी जाती थी
Image
राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के तत्वाधान में व प्रभारी जिला जज/ अध्यक्ष विधिक सेवा प्राधिकरण के मार्गदर्शन में आजादी अमृत महोत्सव हुआ कार्यक्रम
Image
70 साल की उम्र में UP विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष सुखदेव राजभर ने ली अंतिम सांस, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, अखिलेश यादव ने जताया शोक
Image
असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा, रोज़गार और कल्याणकारी योज़नाओं का लाभ उठाने ई-श्रमिक पोर्टल पर पंजीकरण मील का पत्थर साबित होगा
Image